शिवपुराण के अनुसार सिर पर गिद्ध, कौवा या कबूतर का बैठना होता है मौत का संकेत

सनातन धर्म के ग्रंथों के अनुसार ऐसी कई बातों के बारें में बताया गया है जिससे भविष्य में होने वाली घटनाओं का पूर्वाभास हो जाता है। भगवान शंकर से सम्बन्धित कई बातें बताई गई हैं। शिवपुराण में शिव जी ने माता पार्वती को मृत्यु के सम्बन्ध में कुछ विशेष बातें बताई है जिसके अनुसार सर पर गिद्ध कौआ या कबूतर का बैठना अशुभ माना गया है ऐसे व्यक्ति की मृत्यु निकट होती है।

आइए जानते हैं कैसा होता है कौए का मनुष्य के सिर पर पंजे मारना

कौवे का सिर पर पंजे मारना अपशगुन माना जाता है। माना जाये तो यह एक अंधविश्वास भी हो सकता है किन्तु बड़े-बुजुर्गों के अनुसार अपशगुन माना गया है।

यदि कौवे ने किसी व्यक्ति के सिर पर पंजे मारे हैं तो इसको अशुभ माना जाता है तथा ऐसा होने पर अपने सभी मित्रगण रिश्तेदारों व सगे सम्बन्धियों को आपके मृत्यु की झूठी खबर बताई जाती है ताकि वह यह झूठी खबर सुनकर विलाप करें आसू बहाएं तो यह मृत्यु का संकट टल जाता है। कौअे का सिर पर पंजे मारना अपशगुन भी हो सकता है।

हम अपने घरों के छत पर कौवे के बैठने को या बैठकर लगातार बोलते रहने को यह मानते आये हैं कि घर पर रिश्तेदारों या मेहमानों का आगमन भी हो सकता है और यह बात कई बार सत्य भी हो चुकी है।

कौवा आपको अगर मांस रोटी का टुकड़ा, फल का टुकड़ा आदि चीजों को लेता हुआ दिखाई देता हो तो या आपकी सफलता का कारण हो सकता है।

READ ALSO   10 मई मंगल राशि का परिवर्तन
आइए जानते हैं ऐसे कुछ संकेतों के विषय में जिससे यह आभास होता है कि जातक की मृत्यु निकट है

☸ जिस जातक के घर में अचानक नीली मक्खियां आकर घेर लें उसकी मृत्यु निकट मानी गई है।
☸ जिस घर पर गिद्ध, कौवा या कबूतर आकर बैठ जाए वह व्यक्ति जल्द काल के मुंह में समा जाता है अर्थात व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है।
☸ जिस जातक को चन्द्रमा व सूर्य के निकट का चमकीला घेरा काला या लाल दिखाई दे तो उस मनुष्य की मृत्यु निकट ही होती है।
☸ यदि किसी व्यक्ति का मुंह और कंठ बार-बार सूखने लगे तो उस व्यक्ति की मृत्यु निकट ही होती है।
☸ जब किसी व्यक्ति को पानी, तेल, घी या दर्पण में अपनी परछाई न दिखाई दें तो समझना चाहिए कि उसकी मृत्यु करीब है।
☸ जब आप अपनी छाया (परछाई) देखें एवं उसमें आपको सिर न दिखाई दे तो मृत्यु निकट है।
☸ बायां हाथ लगातार एक सप्ताह तक फड़कना भी मृत्यु के निकट होने का संकेत होता है।
☸ रात में इन्द्र धनुष और दोपहर में उल्कापात होता दिखाई देना भी अधूरा संकेत माना जाता है।
☸ चन्द्रमा और सूर्य का काला दिखना और सभी दिशाओं का घूमता हुआ दिखाई देना भी मृत्यु के निकट होने का संकेत है।
☸ जिस अग्नि का प्रकाश ठीक से न दिखाई दे और हर जगह अंधेरा दिखाई दे शिवपुराण के अनुसार ऐसे व्यक्ति का अंत भी निकट है।